BRD मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल को सस्पेंड किया गया

brd  medical collegeनई दिल्ली। गोरखपुर के BRD मेडिकल कॉलेज में देखते-देखते 33 मासूमों की जान चली गई। इस हादसे ने प्रदेश सरकार और स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर कई गंभीर सवाल खड़े किए हैं। विपक्ष इस घटना को लेकर काफी हमलावर हो गया है। योगी आदित्यनाथ ने इस हादसे से तीन दिन पहले BRD मेडिकल कॉलेज का दौरा किया था, ऐसे में अगर कहा जा रहा है कि अस्पताल प्रबंधन को मालूम था कि ऑक्सीजन की कमी होने वाली है तो फिर उसपर ध्यान क्यों नहीं दिया गया।

33 नहीं 63 बच्चों की हुई है मौत

मीडिया कर्मियों के जाने पर लगी रोक

जानकारी के मुताबिक प्रदेश के चिकित्सा मंत्री आशुतोष टंडन ने BRD मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया है। ऑक्सीजन सप्लायर एजेंसी ने कहा था कि भुगतान नहीं होने की वजह से उसने ऑक्सीजन की सप्लाई बंद कर दी थी। BRD मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने इंसेफेलाइटिस वार्ड में मीडिया कर्मियों के जाने पर भी रोक लगा दी है।

योगी ने क्या सुनाया फैसला कि मुस्लिम धर्म गुरुओं ने किया विरोध

विपक्ष ने योगी आदित्यनाथ के इस्तीफे की मांग की

सोनिया गांधी के कहने पर पार्टी के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद, आरपीएन सिंह, राज बब्बर और प्रमोद तिवारी ने मेडिकल कॉलेज का दौरा किया। गुलाम नबी आजाद ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि यह योगी सरकार की नाकामी और लापरवाही का नतीज है। उन्होंने कहा कि नैतिकता के आधार पर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ और स्वास्थ्य मंत्री आशुतोष टंडन को अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए।

loading...
Tags
, , ,

RELATED POSTS

© 2016 Dew Media News Broadcasting Private Limited