तुंगनाथ मंदिर के कपाट शीतकाल के लिए बंद

Tungnath temple

पंचकेदारों में शामिल तृतीय केदार भगवान तुंगनाथ मंदिर के कपाट विधि-विधान पूर्वक शीतकाल के लिए बंद कर दिए गए। इसके बाद अगले छह माह भगवान तुंगनाथ अपने शीतकालीन प्रवास मक्कूमठ में भक्तों को दर्शन देंगे। कपाटबंदी के समय भगवान तुंगनाथ के मंदिर में श्रद्धालुओं की सुबह से भीड़ रही। पूजा अर्चना के बाद सुबह करीब 10.30 बजे विधि- विधान पूर्वक मंदिर के कपाट बंद कर दिए।

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इसके साथ ही तुंगनाथ जी की डोली शीतकालीन गद्दीस्थल मक्कूमठ के लिए रवाना हुई। इस अवसर पर श्री बदरीनाथ- केदारनाथ मंदिर समिति के सदस्य शिव सिंह रावत, कार्याधिकारी अनिल शर्मा, मठापति रामप्रसाद मैठाणी, प्रबंधक प्रकाश पुरोहित, आचार्य माहेश्वर मैठाणी, भारत भूषण मैठाणी सहित काफी संख्या में श्रद्धालु मौजूद थे।

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आज डोली प्रथम पड़ाव चोपता पहुंचकर विश्राम करेगी। कल 28 अक्टूबर को भनकुन, 29 अक्टूबर को गद्दीस्थल मक्कूमठ पहुंचेगी। श्री बदरीनाथ- केदारनाथ मंदिर समिति के मुख्य कार्याधिकारी बीडी सिंह ने बताया कि डोली के पहुंचने के पश्चात मार्कंडेय मंदिर मक्कूमठ में भगवान तुंगनाथ जी की शीतकालीन पूजा शुरू होगी।

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